Thursday, April 19, 2007

आओ इक कोशिश करें
नया समाज बनाने की
नयी उम्मीद जगाने की
नयी राह दिखाने की

आओ इक कोशिश करें
सब को साथ में लाने की
सब से हाथ मिलाने की
हर मेहनतकश के चेहरे पर
एक मुस्कान को लाने की


आओ इक कोशिश करें
अंध-विश्वास हटाने की
तेजी से ख़त्म हो रही
भाईचारे , त्याग और बलिदान की
भावना को फिर से जगाने की

आओ इक कोशिश करें
सब को गले लगाने की
दिल से दिल को मिलाने की
दुश्मनी को भुलाने की
प्यार का दीप जलाने की

आओ इक कोशिश करें
खुद में बदलाव को लाने की
भ्रष्टाचार मिटाने की
भारत को सच्चे अर्थों में
एक महान राष्ट्र बनाने की
आओ इक कोशिश करें!!!



2 comments:

Kumar Prashant said...

aao ek koshish karein
duniya mein pyaar failane ki
uunch neech ki baat bhulakar
unko apna banane ki
aao ek koshish karein
aao ek koshish karein......behtar samaaj banane ki

suman said...

superb poem man ,.,,
this is really nice one ...
i am feeling goosebumps